
13 Febuary 2026 PANCHANG
📅 आज का पंचांग: 13 फरवरी 2026
फाल्गुन कृष्ण एकादशी | विजया एकादशी | विक्रम संवत 2082
✨ आज का सारांश (Daily Summary)
आज 13 फरवरी 2026 को फाल्गुन मास की विजया एकादशी है। यह तिथि शत्रुओं पर विजय प्राप्त करने और कार्यों में सफलता के लिए जानी जाती है। आज भगवान विष्णु के ‘नारायण’ रूप की पूजा का विशेष महत्व है। शुक्रवार होने के कारण माता लक्ष्मी की कृपा भी प्राप्त होगी।
🔍 पंचांग के मुख्य विवरण
| तिथि | फाल्गुन कृष्ण एकादशी (दोपहर 01:22 PM तक, फिर द्वादशी) |
| नक्षत्र | पूर्वाषाढ़ा (अगले दिन सुबह 04:10 AM तक) |
| योग | वज्र (शाम 05:45 PM तक) |
| चंद्र राशि | धनु (Sagittarius) |
| सूर्य राशि | कुंभ (Aquarius) |
✅ शुभ समय
- 🌟 अभिजीत: 12:13 PM – 12:58 PM
- 🧘 ब्रह्म मुहूर्त: 05:18 AM – 06:09 AM
- 🍯 अमृत काल: 10:20 PM – 11:55 PM
⚠️ अशुभ समय (वर्जित)
- 🚫 राहु काल: 11:10 AM – 12:35 PM
- 💀 यमगंड: 03:24 PM – 04:49 PM
- 🚩 दिशाशूल: पश्चिम (West)
🔮 आज का विशेष उपाय (Remedy)
विजया एकादशी के दिन भगवान विष्णु के समक्ष सात प्रकार के अनाज (सप्तधान्य) रखें और अगले दिन उन्हें दान करें। मंत्र: “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” का जाप करें। इससे आर्थिक बाधाएं दूर होती हैं।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
Q1. विजया एकादशी का क्या महत्व है?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, विजया एकादशी का व्रत रखने से कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी जीत हासिल होती है। प्रभु श्री राम ने भी लंका विजय से पूर्व यह व्रत किया था।
Q2. एकादशी व्रत का पारण समय क्या है?
इस एकादशी का पारण 14 फरवरी को सुबह 07:01 AM से 09:15 AM के बीच करना शुभ रहेगा।
Q3. आज के दिन क्या नहीं करना चाहिए?
एकादशी के दिन चावल का सेवन वर्जित है। साथ ही तामसिक भोजन और क्रोध से बचना चाहिए।
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गणना स्थान: नई दिल्ली | आचार्य रवि शास्त्री के मार्गदर्शन में तैयार।